जालौन में उत्तर प्रदेश के जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह के बेटे अभिषेक सिंह को VIP प्रोटोकॉल दिया है, अभिषेक सिंह न तो किसी राजनीतिक दल में है और न ही किसी संवैधानिक पद पर हैं, लेकिन यूपी के कद्दावर मंत्री के बेटे हैं, इसीलिए उनके निजी सचिव आनंद कुमार ने बाकायदा डीएम और एसपी को एक प्रोटोकॉल भेज दिया है, जिससे उनके VIP प्रोटोकॉल को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है।
दरअसल, जल शक्ति मंत्री के निजी सचिव आनंद कुमार द्वारा जालौन के जिलाधिकारी (डीएम) और पुलिस अधीक्षक (एसपी) को बाकायदा एक पत्र भेजा गया था। इस पत्र में मंत्री के पुत्र अभिषेक सिंह को जिले में विशेष प्रोटोकॉल देने का निर्देश था। इतना ही नहीं, यह प्रोटोकॉल पत्र स्थानीय अधीनस्थियों को मार्क किया गया है, जैसे ही यह पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, पूरे जनपद में बहस छिड़ गई कि आखिर किसी मंत्री के बेटे को सरकारी स्तर पर इतनी विशेष सुविधा क्यों दी जा रही है।
दरअसल यह पूरा मामला 15 अगस्त से जुड़ा है। स्वतंत्रता दिवस पर उरई में आयोजित तिरंगा यात्रा में अभिषेक सिंह शामिल होने आए थे। आयोजन के मद्देनजर जल शक्ति मंत्री के निजी सचिव ने प्रशासन को निर्देशित करते हुए प्रोटोकॉल का पत्र भेजा। इसमें स्पष्ट किया गया था कि जिले में मंत्री की तरह अभिषेक सिंह को भी सुरक्षा, स्वागत और अन्य सुविधाएं दी जाएं।
इस प्रोटोकॉल का पत्र जैसे ही वायरल हुआ, विपक्षी दलों और आम जनता ने सवाल उठाने शुरू कर दिए। स्थानीय राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि इस तरह से सरकारी मशीनरी का इस्तेमाल करके अभिषेक सिंह की राजनीतिक छवि चमकाने की कोशिश की जा रही है। खासकर तब, जब वह खुद कोई संवैधानिक पद पर नहीं हैं।
फिलहाल, वायरल पत्र ने जालौन में नई राजनीतिक हलचल खड़ी कर दी है। प्रशासनिक अधिकारियों ने इस मामले पर आधिकारिक तौर पर कोई बयान नहीं दिया है, लेकिन सोशल मीडिया पर लोग इसे लेकर लगातार सवाल दाग रहे हैं।
वही प्रोटोकॉल का नियम कहता है कि यदि किसी को Z, Z+, Y, Y+, या मंत्री या किसी संवैधानिक पद पर बैठा व्यक्ति को उसे ही VIP सुविधा दी जा सकती हैं, मगर जिस तरीके से उत्तर प्रदेश के कद्दावर मंत्री स्वतंत्र देव सिंह के बेटे को VIP सुविधा दी गई है, उससे जरूर सत्ता के दुरुपयोग की बात निकाल कर सामने आ रही है।







