Homeराष्ट्रीयपीएम मोदी विकसित भारत के लिए बुंदेलखंड राज्य का गठन करे- प्रवीण...

पीएम मोदी विकसित भारत के लिए बुंदेलखंड राज्य का गठन करे- प्रवीण पांडेय राष्ट्रीय सेमिनार में उठी राज्य पुनर्गठन की मांग,नई दिल्ली में विभिन्न राज्य आंदोलनों के नेताओं ने रखे विचार, जनजागरण अभियान चलाने का संकल्प

Published on

नई दिल्ली। छोटे राज्यों के गठन के लक्ष्य को लेकर चलाए जा रहे राष्ट्रीय अभियान के अंतर्गत तृतीय राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन सिविल सर्विसेज ऑफिसर्स इंस्टीट्यूट सेमिनार हाल नई दिल्ली में किया गया। सेमिनार का संयोजन उत्तरांध्र पार्टी के संस्थापक एवं नए राज्यों के लिए महासंघ के उपाध्यक्ष मेट्टा रामा राव गारू के नेतृत्व में हुआ। यह इस श्रृंखला का तीसरा राष्ट्रीय सेमिनार था, जिसमें देशभर से विभिन्न राज्य आंदोलनों के प्रतिनिधि शामिल हुए।
वक्ताओं ने कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रशासनिक विकेंद्रीकरण और छोटे राज्यों का गठन आवश्यक है। उनका मत था कि बड़े राज्यों में क्षेत्रीय असंतुलन और विकास की असमानता बनी रहती है, जबकि छोटे राज्यों में स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन संभव होता है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष, बुंदेलखंड राष्ट्र समिति प्रवीण पांडेय ने कहा कि बिना पृथक बुंदेलखंड राज्य के क्षेत्र का समुचित विकास संभव नहीं है और जब तक बुंदेलखंड विकसित नहीं होगा, तब तक भारत के विकसित राष्ट्र बनने का लक्ष्य अधूरा रहेगा।
वीआरएस आईआरएस अधिकारी पंकज कुमार ने कहा कि उनके प्रशासनिक अनुभव के अनुसार छोटे राज्यों में शासन अधिक पारदर्शी और जवाबदेह होता है, जिससे योजनाओं का लाभ तेजी से आमजन तक पहुंचता है।
संस्थापक, उत्तरांध्र पार्टी एवं उपाध्यक्ष, नए राज्यों के लिए महासंघ मेट्टा रामा राव गारू ने कहा कि इंडिया 2050 तक 50 राज्यों का गठन संतुलित और सहभागी विकास की दिशा में ऐतिहासिक कदम होगा।
पूर्व सांसद एवं बोडोलैंड आंदोलन के वरिष्ठ नेता संसूमा खुंगुर ब्विस्वमुथियारी ने कहा कि छोटे राज्य लोकतांत्रिक अधिकारों और क्षेत्रीय अस्मिता की सशक्त अभिव्यक्ति हैं।
संयोजक, बुंदेली सेना आश्रय सिंह गप्पू ने कहा कि छोटे राज्यों से प्रशासन जनता के अधिक निकट आता है और समस्याओं के समाधान में तेजी आती है।
दिल्ली प्रभारी, बुंदेलखंड आंदोलन राजन धमेरिया ने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर समन्वित प्रयासों से ही राज्य पुनर्गठन की दिशा में ठोस पहल संभव है।
वरिष्ठ नेता, नए राज्यों के लिए महासंघ राम किशन सिंह तोमर ने कहा कि बड़े राज्यों में क्षेत्रीय असंतुलन बढ़ता है, जबकि छोटे राज्य संतुलित विकास सुनिश्चित करते हैं।
प्रतिनिधि, मिथिला आंदोलन कमलेश झा ने कहा कि मिथिला राज्य से सांस्कृतिक पहचान और आर्थिक प्रगति को नई दिशा मिलेगी।
केंद्रीय महासचिव, पश्चिम प्रदेश निर्माण संयुक्त मोर्चा कर्नल सुधीर चौधरी ने कहा कि पृथक पश्चिम प्रदेश से प्रशासनिक दक्षता और जवाबदेही बढ़ेगी।
अध्यक्ष, विदर्भ राष्ट्र महिला मोर्चा श्रीमती रंजना ताई ममारडे ने कहा कि विदर्भ राज्य बनने से लंबे समय से लंबित विकास कार्यों को गति मिलेगी।
प्रतिनिधि, आदिवासी प्रदेश आंदोलन डॉ. पंकज पटेल ने कहा कि आदिवासी बहुल क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए पृथक प्रशासनिक ढांचा आवश्यक है।
प्रतिनिधि, पश्चिम प्रदेश आंदोलन निधि ने कहा कि छोटे राज्य विकसित भारत की मजबूत आधारशिला बन सकते हैं।
कार्यकर्ता, बुंदेलखंड आंदोलन राजू ने कहा कि युवा शक्ति इस अभियान को जनांदोलन का रूप देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
सेमिनार के अंत में इंडिया 2050 तक छोटे राज्यों के गठन के लक्ष्य को लेकर देशव्यापी जनजागरण अभियान तेज करने तथा केंद्र सरकार तक अपनी मांग प्रभावी ढंग से पहुंचाने का संकल्प लिया गया।

👁 38.1K views
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img

Latest articles

भतीजे आकाश आनंद पर भड़कीं मायावती, बोलीं- बड़ी जिम्मेदारी उठाने के लिए अभी हैं अपरिपक्व

Mayawati Statement on Akash Anand: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले बहुजन समाज पार्टी की सुप्रीमो मायावती ने अपने भतीजे आकाश आनंद को लेकर एक बड़ा और अहम बयान दिया है। मायावती ने साफ कर दिया है कि आकाश आनंद को पार्टी में काम करने की इजाजत जरूर है लेकिन उन्हें अभी […]

यूपी एनकाउंटर केस पर सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी: याचिकाकर्ता से बोले CJI- ‘इसमें कोई जल्दबाजी नहीं’

UP Encounter Deaths Petition Supreme Court: उत्तर प्रदेश में एनकाउंटर के दौरान हुई मौतों से जुड़े एक मामले की सुनवाई गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में हुई। याचिकाकर्ता की ओर से जल्द लिस्टिंग की मांग रखी गई। वकील ने बताया कि यह मामला एक साल से अधिक समय से सूचीबद्ध नहीं हुआ है। चीफ जस्टिस ऑफ […]

UP Police Encounter Case: 1100 एनकाउंटर, 49 मौतें, यूपी के इस केस पर SC में सुनवाई की मांग, CJI सूर्यकांत बोले- ‘नो अर्जेंसी’

UP Police Encounter Case: सुप्रीम कोर्ट में 3 सितंबर को उत्तर प्रदेश में पुलिस मुठभेड़ों में हुई मौतों से जुड़े मामले पर तत्काल सुनवाई की मांग की गई। यह मामला मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत के सामने रखा गया। वकील ने मामले की जल्द सुनवाई का अनुरोध किया, लेकिन ‘लाइव लॉ’ के मुताबिक CJI सूर्यकांत ने […]

फतेहपुर एआरटीओ ऑफिस में एडीएम और एडिशनल एसपी का छापा, कई संदिग्ध दबोचे गए ARTO साहब बोले कुछ नही सब आल इज बेल मतलब...

फतेहपुर में एआरटीओ कार्यालय में अचानक हुई छापेमारी से हड़कंप मच गया। जिलाधिकारी के...

More like this

भतीजे आकाश आनंद पर भड़कीं मायावती, बोलीं- बड़ी जिम्मेदारी उठाने के लिए अभी हैं अपरिपक्व

Mayawati Statement on Akash Anand: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले बहुजन समाज पार्टी की सुप्रीमो मायावती ने अपने भतीजे आकाश आनंद को लेकर एक बड़ा और अहम बयान दिया है। मायावती ने साफ कर दिया है कि आकाश आनंद को पार्टी में काम करने की इजाजत जरूर है लेकिन उन्हें अभी […]

यूपी एनकाउंटर केस पर सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी: याचिकाकर्ता से बोले CJI- ‘इसमें कोई जल्दबाजी नहीं’

UP Encounter Deaths Petition Supreme Court: उत्तर प्रदेश में एनकाउंटर के दौरान हुई मौतों से जुड़े एक मामले की सुनवाई गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में हुई। याचिकाकर्ता की ओर से जल्द लिस्टिंग की मांग रखी गई। वकील ने बताया कि यह मामला एक साल से अधिक समय से सूचीबद्ध नहीं हुआ है। चीफ जस्टिस ऑफ […]

UP Police Encounter Case: 1100 एनकाउंटर, 49 मौतें, यूपी के इस केस पर SC में सुनवाई की मांग, CJI सूर्यकांत बोले- ‘नो अर्जेंसी’

UP Police Encounter Case: सुप्रीम कोर्ट में 3 सितंबर को उत्तर प्रदेश में पुलिस मुठभेड़ों में हुई मौतों से जुड़े मामले पर तत्काल सुनवाई की मांग की गई। यह मामला मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत के सामने रखा गया। वकील ने मामले की जल्द सुनवाई का अनुरोध किया, लेकिन ‘लाइव लॉ’ के मुताबिक CJI सूर्यकांत ने […]