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नई शिक्षा नीति से बहुत परिवर्तन आया है हमारे विद्यार्थी टेक्नोलॉजी के माध्यम से बहुत आगे आ रहे हैं- राज्यपाल UP

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फतेहपुर- उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल जनपद फ़तेहपुर पहुंची। जहां वीआईपी रोड स्थित सरस्वती बलिका विद्या मंदिर इंग्लिश मीडियम के नवनिर्मित भवन का लोकार्पण व आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को किट वितरण किया। इसके बाद राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में सप्तशक्ति संगम कार्यक्रम में महिलाओं को संबोधित किया। जिसमें केंद्र व राज्य सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं, बालिका शिक्षा, दहेज उत्पीड़न, बालिकाओं को तकनीकी रूप से दक्ष करने, जमीनी विवाद, यौन उत्पीड़न जैसे विषयों पर संबोधित किया ।इस अवसर पर विद्यालय परिसर में आयोजित भव्य समारोह में बड़ी संख्या में गणमान्य अतिथि, शिक्षाविद्, अभिभावक एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहीं। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने एसआईआर अभियान को लेकर कहा कि इसका विरोध का न कीजिए, घुसपैठिए है जिनको सरकार बाहर निकालने का काम कर रही है।
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा विद्या भारती का नवीन भवन बालिकाओं के लिए बनाया गया। दुनिया भर में सब कुछ बदल रहा है इससे हमें अछूत नहीं रहना चाहिए। 10 वर्षों में बहुत अच्छी-अच्छी योजनाएं आयी है। नई शिक्षा नीति से बहुत परिवर्तन आया है हमारे विद्यार्थी टेक्नोलॉजी के माध्यम से बहुत आगे आ रहे हैं। हमारे छोटे-छोटे बच्चें जो आंगनवाड़ी केंद्र में आते हैं आंगनबाड़ी केंद्रों में 0 से 6 वर्ष तक बच्चों के लिए बहुत सारी योजना चलती है। सभी 22 प्रकार के साधन आंगनबाड़ी केंद्र पहुंच में रहे हैं। सरकार लगभग 20-25 साल से आंगनबाड़ी केंद्र में पोषण के रूप में सब कुछ दिया जा रहा है। केंद्र सरकार व राज्य सरकार की सभी योजनाएं अभी तक सभी लाभार्थियों तक नहीं पहुंची है इस पर हमें प्रयास करना चाहिए। युवाओं महिलाओं सभी को आत्मनिर्भर बनाने के लिए केंद्र सरकार व राज्य सरकार ने बहुत सारी योजनाएं शुरू की है। सालों से बनी हुई सरकारें अभी तक घरौनी नहीं दे सकी थी लेकिन अब उनको प्रमाण पत्र दिया जा रहा है। सरकारी योजनाओं को पाने के लिए लाभार्थी को आफिस के चक्कर काटने पड़ते थे आज अधिकारी स्वयं घर-घर पहुंच रहे हैं। 40 हज़ार से ज्यादा बालिकाओं को एचपीवी वैक्सीन दी गयी है।  दहेज प्रथा पर कहा समाज की बीमारियों को दूर करने के लिए शिक्षा जरुरी है। 15 साल तक बेटियों पर ध्यान देने की आवश्यकता है।

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