झांसी। बॉलीवुड अभिनेत्री राखी सावंत से जुड़ा 16 साल पुराना मामला एक बार फिर सुर्खियों में है। उत्तर प्रदेश के झांसी में एक युवक को टीवी शो ‘राखी का इंसाफ’ में सार्वजनिक रूप से अपमानित करने के मामले में न्यायालय ने राखी सावंत के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 16 अक्टूबर 2026 को सुनवाई के दौरान न्यायालय ने आदेश दिया कि राखी सावंत को गिरफ्तार कर 1 दिसंबर तक अदालत में पेश किया जाए।
यह मामला प्रेमनगर थाना क्षेत्र के हसारी निवासी लक्ष्मण से जुड़ा है, जिसकी वर्ष 2010 में हुई मौत के बाद उसकी मां ने राखी सावंत के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था।
क्या है पूरा मामला?
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी मृदुल कांत श्रीवास्तव के अनुसार, घटना 19 फरवरी 2010 की है। लक्ष्मण की शादी अनीता से हुई थी। पति-पत्नी के बीच विवाद चल रहा था। इसी विवाद को मुंबई में प्रसारित होने वाले टीवी शो ‘राखी का इंसाफ’ में दिखाया गया था।
आरोप है कि शो के दौरान राखी सावंत ने लक्ष्मण को सार्वजनिक रूप से अपमानित किया और उसे ‘नामर्द’ कहा। बताया जाता है कि इस घटना से लक्ष्मण को गहरा मानसिक आघात पहुंचा। झांसी लौटने के बाद उसने कथित तौर पर घर में आत्महत्या कर ली।
मां ने दर्ज कराया था मुकदमा
लक्ष्मण की मौत के बाद उसकी मां सावित्री ने प्रेमनगर थाने में राखी सावंत के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने इस मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 306, 504 और 120बी के तहत मुकदमा दर्ज किया था। विवेचना के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया था।
इसके बाद से मामला अदालत में विचाराधीन रहा। अब करीब 16 साल बाद न्यायालय की ओर से गिरफ्तारी वारंट जारी किए जाने से यह मामला फिर चर्चा में आ गया है।
1 दिसंबर तक पेशी का आदेश
न्यायालय ने राखी सावंत को गिरफ्तार कर 1 दिसंबर 2026 तक अदालत में पेश करने का आदेश दिया है। इस घटनाक्रम के बाद अब सबकी नजरें आगे की न्यायिक कार्रवाई पर टिकी हैं।
फिलहाल इस मामले में न्यायालय की आगामी कार्यवाही और गिरफ्तारी वारंट के अनुपालन को लेकर स्थिति महत्वपूर्ण बनी हुई है। मामले में अंतिम दोषसिद्धि के संबंध में कोई निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा, क्योंकि न्यायिक प्रक्रिया जारी है। राखी सावंत का पक्ष और वारंट के अनुपालन की स्थिति सामने आने के बाद मामले की आगे की तस्वीर स्पष्ट होगी।





