फतेहपुर,नगर पालिका परिषद फतेहपुर के नाला सफाई एवं सिल्ट निस्तारण टेंडर को लेकर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। उपलब्ध दस्तावेजों के अनुसार इस कार्य के लिए जारी ई-टेंडर में तीन बोलीदाताओं ने भाग लिया था। तकनीकी मूल्यांकन के बाद 12 जून 2026 को वित्तीय बोली खोली गई, लेकिन सूत्रों के अनुसार अभी तक टेंडर प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है और संबंधित फर्म को वर्क ऑर्डर भी जारी नहीं किया गया है।
इसके बावजूद शहर के कई हिस्सों में नाला सफाई और सिल्ट हटाने का कार्य होते दिखाई देने से लोगों के बीच चर्चा तेज हो गई है। स्थानीय नागरिक सवाल उठा रहे हैं कि जब कार्यादेश जारी नहीं हुआ तो आखिर काम किसके निर्देश पर कराया जा रहा है और इसका भुगतान किस आधार पर होगा।
टेंडर के बीओक्यू (Bill of Quantity) के अनुसार नालों से सिल्ट निकालने और उसे निर्धारित दूरी तक ले जाकर निस्तारित करने का कार्य शामिल है। नागरिकों का कहना है कि यदि नगर पालिका अपने संसाधनों से कार्य करा रही है तो इसकी आधिकारिक जानकारी सार्वजनिक की जाए, और यदि टेंडर से जुड़े कार्य पहले ही शुरू करा दिए गए हैं तो इसकी वैधानिक स्थिति स्पष्ट की जाए।
स्थानीय लोगों ने पूरे मामले की जांच कर कार्यादेश, मापन पुस्तिका (एमबी), भुगतान अभिलेख और कार्य निष्पादन से जुड़े दस्तावेज सार्वजनिक करने की मांग की है। उनका कहना है कि पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सभी तथ्यों को सामने लाना जरूरी है।
फिलहाल यह मामला शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोगों की नजरें नगर पालिका प्रशासन के जवाब पर टिकी हैं।






