फतेहपुर जनपद के मलवां थाना क्षेत्र के असवार तारापुर गांव से एक बेहद दर्दनाक और चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां विद्युत विभाग की कथित लापरवाही ने एक गरीब दलित परिवार को सड़क पर ला खड़ा किया।
बताया जा रहा है कि गांव में लंबे समय से एक बिजली का पोल टेढ़ा पड़ा था और उससे जुड़े तार कई बार जलकर नीचे गिर चुके थे। पीड़ित परिवार ने इस गंभीर समस्या की शिकायत कई बार विभागीय अधिकारियों, खासकर जेई (जूनियर इंजीनियर) से की, लेकिन हर बार इसे नजरअंदाज कर दिया गया।
आरोप है कि घटना से एक दिन पहले भी पीड़ित ने टूटे हुए तार को ठीक कराने की गुहार लगाई थी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। उल्टा, अधिकारियों द्वारा दबाव बनाकर सरकारी कार्य में बाधा डालने का मुकदमा दर्ज कराने तक की धमकी दी गई।
जबरन जोड़ा गया तार बना हादसे की वजह
पीड़ित के अनुसार, कल रात जबरन टूटे हुए तार को जोड़ दिया गया। कुछ ही देर बाद तार में शॉर्ट सर्किट हुआ और वह जलता हुआ सीधे पीड़ित के छप्पर पर गिर गया। देखते ही देखते पूरा घर आग की लपटों में घिर गया।
घर जलकर खाक, बेटा गंभीर रूप से झुलसा
इस भीषण आग में घर में रखा अनाज, सामान और कई बोरियां जलकर राख हो गईं। वहीं, पीड़ित का बेटा आग की चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलस गया, जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
❗ प्रशासन और विभाग पर उठे सवाल
घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते विद्युत विभाग कार्रवाई करता, तो यह बड़ा हादसा टल सकता था। अब सवाल यह उठ रहा है कि आखिरकार जिम्मेदार अधिकारियों पर क्या कार्रवाई होगी और पीड़ित परिवार को कब न्याय मिलेगा।
फिलहाल, प्रशासन की ओर से मामले की जांच और राहत कार्यों को लेकर कोई स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है।






