फतेहपुर में पूर्व सैनिक उत्थान एवं लोक कल्याण महिला समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक साधना सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में विभिन्न क्षेत्रों से आई महिलाओं ने अपनी समस्याएं खुलकर रखीं, जिनमें जमीन कब्जा, पारिवारिक अधिकार और प्रशासनिक लापरवाही जैसे गंभीर मुद्दे सामने आए।
बैठक की शुरुआत में संगठन से जुड़ी महिलाओं की समस्याओं को सुना गया। खागा क्षेत्र से आई सुनीशा सिंह ने बताया कि उनके पति सेना से सेवानिवृत्त होने के बाद इलाहाबाद में नौकरी कर रहे हैं और बच्चे भी वहीं पढ़ाई कर रहे हैं। वह स्वयं गांव मायाराम का पुरवा में अकेली रहती हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि गांव के कुछ अराजक तत्व जबरन उनकी जमीन पर कब्जा कर रहे हैं और लगभग 8 फीट ऊंची व 70 फीट लंबी दीवार बनाकर जमीन पर अधिकार कर लिया है। कई बार प्रशासन को प्रार्थना पत्र देने के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
इसी तरह मलवा की एक महिला ने पारिवारिक विवाद और अधिकारों से जुड़ी गंभीर समस्या रखी। उन्होंने बताया कि उनके पति, जो सेना में थे, की पहली पत्नी से संतान न होने पर उनकी शादी उनसे कराई गई थी, जिससे उनके दो पुत्र हुए। लेकिन 25 दिसंबर 2025 को पति की मृत्यु के बाद अब उनके और बच्चों के नाम परिवार रजिस्टर में दर्ज करने में ब्लॉक स्तर के अधिकारी बाधा डाल रहे हैं।
महिला ने बताया कि इस वजह से उनके बच्चों को हिंदू मैरिज एक्ट धारा 16 के तहत मिलने वाले वैधानिक अधिकार और लाभ नहीं मिल पा रहे हैं।
बैठक में इसके अलावा भी तीन अन्य महिलाओं ने अपनी समस्याएं रखीं, जिनमें प्रशासनिक उदासीनता प्रमुख रही।
महिला समिति की अध्यक्ष जागृति तिवारी ने सभी मामलों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित उच्च अधिकारियों से तत्काल वार्ता की और जल्द समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि 2 अप्रैल 2026 को संगठन का एक प्रतिनिधिमंडल उप जिलाधिकारी खागा और मुख्य विकास अधिकारी से मिलकर सभी समस्याओं के समाधान के लिए पहल करेगा।
उन्होंने महिलाओं से अपील की कि यदि किसी को कहीं न्याय नहीं मिल रहा है तो वह संगठन से जुड़ें और अपनी समस्या साझा करें, संगठन हर संभव मदद करेगा।
बैठक में सरोज शर्मा, ज्योति कपूर, सुमन मौर्य, विमला सिंह, किरण सिंह, मंजू देवी, अर्चना गुप्ता, मीरा मिश्रा, सुनीता पाल सहित कई महिलाएं मौजूद रहीं।






