फतेहपुर जिले के खागा कोतवाली क्षेत्र में मंगेतर के सामने युवती से गैंगरेप के सनसनीखेज मामले में पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने सख्त कार्रवाई करते हुए एक और बड़ा कदम उठाया है। फरार मुख्य आरोपी बबलू सिंगरौर की गिरफ्तारी में लापरवाही बरतने के आरोप में संबंधित चौकी इंचार्ज को निलंबित कर दिया गया है। इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है और मामले को गंभीरता से लेते हुए तेजी से जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
पुलिस ने फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए सात विशेष टीमें गठित की हैं, जिन्हें अलग-अलग राज्यों में रवाना किया गया है। वहीं, आईजी ने आरोपी बबलू सिंगरौर पर घोषित इनाम की राशि 25 हजार रुपये से बढ़ाकर 50 हजार रुपये कर दी है, ताकि उसकी जल्द से जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित की जा सके। पुलिस पहले ही इस मामले में दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है, जबकि तीसरे आरोपी की तलाश लगातार जारी है।
इस जघन्य वारदात को लेकर जिले में राजनीतिक सरगर्मी भी तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता पीड़ित परिवार से मिलकर उन्हें न्याय दिलाने का आश्वासन दे चुके हैं, वहीं स्वामी प्रसाद मौर्य के भी जल्द फतेहपुर आने की चर्चा है।
मामले में एक और अहम पहलू सामने आया है, जहां सोशल मीडिया और कुछ वर्गों में आरोपी को सवर्ण समाज से जोड़कर नैरेटिव फैलाया जा रहा था। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि फरार आरोपी पिछड़ी जाति से संबंध रखता है।
पुलिस का कहना है कि मामले में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही फरार अभियुक्त को गिरफ्तार कर पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।






