नरसिंह मौर्य असोथर (फतेहपुर)।
असोथर थाना क्षेत्र के सरकंडी गांव में मारपीट के बाद हुए बवाल को लेकर ग्राम प्रधान पति संतोष द्विवेदी ने मीडिया से मुखातिब होते हुए अपना पक्ष रखा। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व ब्लाक प्रमुख द्वारा उनके खिलाफ फर्जी शिकायत की गई है, जिसके जरिए उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा है। संतोष द्विवेदी ने साफ शब्दों में कहा कि उनके द्वारा किसी प्रकार की मारपीट नहीं की गई है और लगाए गए आरोप पूरी तरह निराधार हैं।
प्रधान पति ने कहा कि जिस दिन गांव में जांच के लिए अधिकारी पहुंचे थे, उसी दौरान कुछ लोगों ने अधिकारियों के सामने दबंगई दिखाते हुए मारपीट की। उन्होंने दावा किया कि वह स्वयं बीच-बचाव में लगे रहे और स्थिति को शांत कराने का प्रयास करते रहे। इसके बावजूद उन्हें गलत तरीके से घटना से जोड़ा जा रहा है, जो न्यायसंगत नहीं है।
उन्होंने असोथर पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए। संतोष द्विवेदी का कहना है कि घटना से पहले ही उन्होंने पुलिस प्रशासन से फोर्स मुस्तैद किए जाने की मांग की थी, लेकिन उनकी मांग को नजरअंदाज कर दिया गया। इसके बाद अधिकारियों ने उन्हें जांच के लिए बुलाया, जहां स्थिति बिगड़ गई। उनका आरोप है कि यदि समय रहते पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की जाती, तो बवाल की स्थिति उत्पन्न ही नहीं होती।
प्रधान पति ने पूरे मामले में निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से हस्तक्षेप करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सच्चाई सामने लाने के लिए निष्पक्ष और पारदर्शी जांच जरूरी है, ताकि दोषियों पर कार्रवाई हो सके और निर्दोषों को बदनाम होने से बचाया जा सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि निष्पक्ष जांच नहीं हुई, तो वह उच्चाधिकारियों के समक्ष अपनी बात रखेंगे।






